मनोरंजन

Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: राजपाल यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत! लेकिन अगर पूरी नहीं की ये शर्त तो फिर जाना होगा जेल

Published

on

Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ राजपाल यादव ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। यह याचिका उस समय दाखिल की गई, जब उन्हें सरेंडर करने की तय समय सीमा खत्म होने वाली थी। सुप्रीम कोर्ट ने मामले में राजपाल यादव को फिलहाल राहत देते हुए 5 करोड़ रुपये जमा करने की शर्त रखी है।

कोर्ट ने साफ कहा है कि अगर राजपाल यादव 9 सितंबर तक 5 करोड़ रुपये सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री में जमा कर देते हैं, तभी उन्हें सरेंडर करने से राहत मिलेगी। अगर वह यह रकम जमा नहीं करते हैं तो उन्हें दोबारा जेल जाना पड़ सकता है।

Also Read –Deepika Padukone Maternity Photoshoot: 2 साल की हुई दुआ, रणवीर सिंह ने शेयर की हैप्पी फैमिली फोटो

Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: 9 सितंबर तक जमा करने होंगे 5 करोड़ रुपये

सुप्रीम कोर्ट ने राजपाल यादव को निर्देश दिया है कि वह 9 सितंबर तक 5 करोड़ रुपये कोर्ट की रजिस्ट्री में जमा करें। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि रकम जमा होने के बाद ही उन्हें सरेंडर करने से राहत मिलेगी। (Rajpal Yadav Cheque Bounce Case) इस मामले की अगली सुनवाई 15 सितंबर को होगी। यानी फिलहाल राजपाल यादव के सामने सबसे बड़ी चुनौती 5 करोड़ रुपये जमा करने की है। अगर वह तय समय तक रकम जमा नहीं कर पाते हैं, तो उन्हें फिर से जेल जाना पड़ सकता है।

दिल्ली हाई कोर्ट ने सुनाई थी तीन महीने की सजा

राजपाल यादव को इससे पहले भी बड़ा कानूनी झटका लग चुका है। जुलाई में दिल्ली हाई कोर्ट ने चेक बाउंस से जुड़े मामले में उनकी सजा को बरकरार रखा था। (Rajpal Yadav Cheque Bounce Case) कोर्ट ने उन्हें तीन महीने की जेल की सजा सुनाई थी। इससे पहले 18 मार्च 2026 को उन्हें जमानत मिल गई थी। राजपाल यादव के खिलाफ कुल सात मामले हैं। कोर्ट ने हर मामले में 1.05 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। इस तरह सातों मामलों में कुल जुर्माने की रकम 7.35 करोड़ रुपये हो जाती है।

Also Read –Manipuri music teacher death: बदला नहीं, इंसाफ चाहिए… मणिपुर के म्यूजिक टीचर की हत्या पर पत्नी ने साफ-साफ बोल दिया

कोर्ट के आदेश के मुताबिक अगर राजपाल यादव जुर्माने की रकम नहीं भरते हैं तो उनकी जेल की सजा छह महीने तक बढ़ सकती है। (Rajpal Yadav Cheque Bounce Case) हालांकि सातों मामलों में सुनाई गई सजा एक साथ चलेगी। इसका मतलब यह है कि सभी मामलों के लिए उन्हें अलग-अलग तीन-तीन महीने जेल में नहीं रहना होगा, बल्कि कुल तीन महीने की सजा ही भुगतनी होगी।

जुर्माने की रकम में किसे कितना पैसा मिलेगा?

कोर्ट के आदेश के अनुसार, हर मामले में लगाए गए 1.05 करोड़ रुपये के जुर्माने में से 1 करोड़ 4 लाख 75 हजार रुपये शिकायतकर्ता को दिए जाएंगे। वहीं, प्रत्येक मामले से बची हुई 25 हजार रुपये की रकम राज्य को जाएगी।

क्या है राजपाल यादव का चेक बाउंस मामला?

राजपाल यादव के खिलाफ चल रहा यह मामला उनकी साल 2012 में आई फिल्म ‘अता पता लापता’ से जुड़ा है। यह फिल्म राजपाल यादव ने निर्देशित की थी, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर फिल्म अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाई।

फिल्म बनाने के लिए कथित तौर पर लिया गया कर्ज समय के साथ बढ़ता गया और उस पर ब्याज भी जुड़ता रहा। इसी आर्थिक विवाद के बाद राजपाल यादव के खिलाफ चेक बाउंस के मामले सामने आए और मामला लंबे समय तक कोर्ट में चलता रहा।

Leave a Reply

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Trending

Exit mobile version